.~~#वेसे तो हम
जानि मानि #हस्तिभि नहि हे.
या बहुत #बडे आदंमि भि नहि हे. लेकिन
जब
भी रास्ते से गुजरते हे तो #दुश्मन के मुह
से
भी अपने आप निकल जाता हे
#वाह_क्या_तेवर_ हे...!!
कह देना तेरी गली मैं रहने वालो को
की अपनी ओकात मैंरहे..!!
वर्ना जिस दिन हम बिगड़े न उस दिन शहर भी अपना
और तू भी अपनी..❤❤
“दम” कपड़ो में नहीं,जिगर में रखो….बात अगर कपड़ो में होती तो,सफ़ेद कफ़न में,लिपटा हुआ मुर्दा भी “सुल्तान मिर्ज़ा” होता.
कुछ लडकिया कहती है की उन्हे हम पसंद नहीं है..।। उनको मे बता दु की शैरो के साथ शैरनिया ही अच्छी लगती है...... ..............भेड बकरीया नही..
सिकंदर तो हम अपनी मर्जी से है , पर हम दुनिया
नहीं दिल जितने आये हे ।
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"♚.।कोइ गेंग नही हे मेरी। पर पहेचान ऐसी हे की हर गेंग का आदमी इस चेहरे को देखके सलाम ठोकता है।☝😉😉 ।।♚ 😘😘.... ….!!..💕💕,,,,,.....
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